अग्निपथ .....अग्निपथ .......अग्निपथ.....
ये महान दृश्य है ...चल रहा मनुष्य है .....
अश्रु -श्वेद- रक्त से .....
लथ पथ ... लथ पथ... लथ पथ ......
ये घना व्रक्ष है .... है घना है भरा .....
एक पत् छाह भी मांग मत मांग मत ......
अग्निपथ ... अग्निपथ .... अग्निपथ....
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